दिल्ली पुलिस के कांस्टेबल मनिश भाटी ने अपनी पत्नी प्रियांका की जन्मदिन पर गोली मारकर हत्या की, फिर 38 घंटे बाद ईस्ट विनोद नगर के एक पार्क में आत्महत्या कर ली। मामले में मोबाइल फोन और आत्महत्या नोट नहीं मिला, और कारणों की जांच जारी है।
मुख्य बिंदु (Key Takeaways)
- कांस्टेबल मनिश भाटी ने पत्नी की हत्या के 38 घंटे बाद आत्महत्या की
- दोनों के मोबाइल फोन अभी भी लापता हैं, कोई आत्महत्या नोट नहीं मिला
- पिछले वर्ष में दहेज के उत्पीड़न की शिकायतें भी दर्ज थीं
दिल्ली पुलिस ने लगभग 38 घंटे तक अपने ही एक सदस्य की खोज की, जो कांस्टेबल मनिश भाटी (32) को अपनी पत्नी प्रियांका (स्कूल शिक्षिका) के जन्मदिन पर गोली मारकर मारने का आरोप था। तलाशी के अंत में, मंगलवार शाम को ईस्ट विनोद नगर के निकट एक पार्क में उसकी लाश मिली, जहाँ उसकी सेवा रिवॉल्वर भी साथ पड़ी मिली।
घटनाक्रम का विस्तृत विवरण
प्रियांका का जन्मदिन रविवार को था। उनके रिश्तेदारों के अनुसार, वह शाम तक मनिश के घर लौटने की प्रतीक्षा कर रही थी। रात 11 बजे उन्होंने अपनी माँ को फोन किया, जब मनिश अभी तक घर नहीं आया था। परिवार के सदस्यों ने बताया कि मनिश आधी रात के करीब नशे में लौटे और दोनों के बीच झगड़ा हुआ। इस झड़प में प्रियांका को सिर में चोट लगी, जिससे उनका स्वास्थ्य बिगड़ गया।
सोमवार की सुबह, मनिश ने अपनी स्कूटर पर प्रियांका को लाल बहादुर शास्त्री अस्पताल ले जाने की कोशिश की, लेकिन 3 बजे पूर्व विनोद नगर‑कल्याणपुरी के मेट्रो पिलर 90 के पास उन्होंने अपनी सेवा रिवॉल्वर निकालकर प्रियांका की छाती में गोली मार दी। गोली लगते ही वह घायल हो गई और एक राहगीर ने उसे अस्पताल ले जाने की कोशिश की, जहाँ वह मौके पर ही मृत घोषित हो गई।
खोज और जांच की स्थिति
हत्या के बाद मनिश ने दोनों के मोबाइल फोन लेकर गायब हो गया और CCTV निगरानी से बचने के लिए कम कैमरा वाले मार्ग चुने। दिल्ली‑एनसीआर के छह पुलिस टीमों ने नोएडा, ग्रेटर नोएडा, गाज़ियाबाद, गुरुग्राम, फरीदाबाद और हरियाणा के विभिन्न स्थानों में खोजबीन की। अंत में, उसकी लाश पार्क में मिली। पुलिस ने अभी तक कोई आत्महत्या नोट नहीं पाया है।
पृष्ठभूमि और संभावित कारण
मनिश ने 2022 में पुलिस में शामिल होकर विशेष सेल में कार्य किया, फिर 2024 में ईस्ट दिल्ली के एंटी‑ऑटो थैफ़्ट स्क्वाड (AATS) में पदस्थ हुआ। प्रियांका के परिवार ने दहेज के कारण उत्पीड़न की शिकायत भी दर्ज करवाई थी, जिसमें उन्होंने कहा था कि उन्होंने महिला सेल में अपने पति और उसके परिवार के खिलाफ शिकायत दर्ज करवाई थी। पड़ोसियों ने बताया कि दोनों कभी-कभी झगड़ते थे, लेकिन यह कोई साधारण झगड़ा नहीं था।
भविष्य की जांच और सामाजिक प्रभाव
मनिश की मौत से प्रमुख संदिग्ध को सवाल करने का अवसर खत्म हो गया, इसलिए पुलिस फोरेंसिक साक्ष्य, कॉल डिटेल रिकॉर्ड, CCTV फुटेज और परिवार व मित्रों के बयान की जाँच जारी रखेगी। यह घटना घरेलू हिंसा, दहेज उत्पीड़न और पुलिस कर्मियों में मानसिक स्वास्थ्य समस्याओं पर चर्चा को फिर से उजागर कर रही है, जो सामाजिक और विधायी स्तर पर त्वरित कार्रवाई की मांग करती है।